20 वर्षीय युवक की नृशंस हत्या की गुत्थी को पुलिस ने 6 दिनों की ताबड़तोड़ जांच के बाद सुलझा लिया है। लूटपाट के इरादे से स्कूटी सवार युवक पर धारदार हथियारों से हमला कर उसे मौत के घाट उतारने वाले 5 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस अंधे कत्ल की तह तक पहुंचने के लिए पुलिस ने 150 सीसीटीवी फुटेज और 1500 मोबाइल टावर लोकेशन खंगाले। पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों ने वारदात को अंजाम देने के पहले पूरी योजना बनाई थी और इससे पहले भी कई छोटी लूटपाट की घटनाएं कर चुके थे। पुलिस अब इनके आपराधिक रिकॉर्ड खंगालते हुए गैंग हिस्ट्रीशीट तैयार कर रही है,

दुर्ग जिले के उतई थाना क्षेत्र में बीते 3 जुलाई की रात हुए 20 वर्षीय युवक राजकुमार यादव की अंधे कत्ल की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। लूट के विरोध में हत्या करने वाले पांच आरोपी — जिनमें एक अपचारी बालक भी शामिल है — को पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। आरोपियों के पास से घटना में प्रयुक्त हथियार, लूटी गई सामग्री और स्कॉर्पियो वाहन जब्त कर लिया गया है।
हत्या से पहले की थी सुनियोजित तैयारी, 150 सीसीटीवी फुटेज और 1500 मोबाइल टॉवर डाटा से हुआ खुलासा
3 जुलाई की रात मोरिद-डूंडेरा रोड पर युवक राजकुमार यादव की हत्या कर दी गई थी। मृतक को धारदार हथियारों से सिर, सीने और अन्य हिस्सों में गंभीर वार कर घायल किया गया था, जिसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक ने मरणासन्न स्थिति में स्कॉर्पियो सवार हमलावरों की जानकारी दी थी।
इस सुराग के बाद पुलिस ने इलाके के 150 CCTV फुटेज खंगाले और करीब 1500 मोबाइल नंबरों की टॉवर लोकेशन का विश्लेषण किया। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुँची। पूछताछ में खुलासा हुआ कि वारदात को अंजाम देने से पहले पूरी योजना बनाई गई थी और सुनसान रास्ते को चुनकर शिकार की तलाश की जाती थी।
पैसों की जरूरत में करते थे लूटपाट, स्कूटी सवार को रोका और हत्या कर मोबाइल-राशि लूटी
मुख्य आरोपी लोकेश सारथी की निशानदेही पर पूरे घटनाक्रम का खुलासा हुआ। स्कॉर्पियो सवार लोकेश, राजकिशोर उर्फ छोटू, आकाश उर्फ हड्डी, महाराजा देवार और उमेश टंडन ने युवक को अकेला देखकर रोका और मोबाइल छीनने की कोशिश की। विरोध करने पर पहले मारपीट की गई, फिर चाकू और पेचकस से हमला कर उसे मौत के घाट उतार दिया गया।
वारदात के बाद आरोपियों ने धौराभाठा मोड़ के पास हाईवा चालक से भी चाकू की नोक पर मोबाइल और पर्स लूट लिया। घटना को अंजाम देने से पहले आरोपी निखिल ठाकुर ने अपनी मां का मोबाइल गिरवी रखकर गिरोह को पैसे दिए थे।
गैंग हिस्ट्रीशीट तैयार, एक फरार, आपराधिक रिकॉर्ड भी उजागर
गिरफ्तार आरोपियों में से अधिकतर के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। गिरोह के सदस्य पहले भी लूट की वारदातों में लिप्त थे, जिनकी रिपोर्ट कई बार थानों में नहीं हो पाई। पुलिस अब इनकी गैंग हिस्ट्रीशीट तैयार कर रही है और फरार आरोपी की तलाश जारी है।
गिरफ्तार आरोपी और जब्ती
1. लोकेश सारथी उर्फ भांचा (19 वर्ष) – चाकू बरामद
2. राजकिशोर वैष्णव उर्फ छोटू (20 वर्ष) – स्कार्पियो वाहन जब्त
3. उमेश टंडन (19 वर्ष)
4. निखिल ठाकुर उर्फ विक्की चौधरी – मोबाइल बरामद
5. एक अपचारी बालक
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस पूरे ऑपरेशन में थाना उतई, रानीतराई व एसीसीयू टीम की सक्रिय भूमिका रही, जिन्होंने कठिन परिस्थितियों में तकनीकी और मैन्युअल जांच से आरोपियों तक पहुंच बनाई।